इस अध्याय के 20 बहुविकल्पीय (MCQ / वस्तुनिष्ठ) प्रश्न, परीक्षा की प्रचलित शैलियों में। हर प्रश्न के उत्तर के साथ व्याख्या भी दी गई है, ताकि केवल सही विकल्प नहीं, उसकी वजह भी याद रहे।
1 सीधे प्रश्न
सीधे प्रश्न
- 1 अंकहजारी प्रसाद द्विवेदी का जन्म किस स्थान पर हुआ?
(क) आरत दुबे का छपरा, बलिया(ख) औराही हिंगना, पूर्णिया(ग) दिल्ली(घ) शांतिनिकेतन - 1 अंक“शिरीष के फूल” किस विधा की रचना है?
(क) कहानी(ख) ललित निबंध(ग) नाटक(घ) यात्रा-वृत्तांत - 1 अंककबीर के दोहे में दस दिन फूलकर खंखड़ हो जाने वाला फूल कौन-सा बताया गया है?
(क) शिरीष(ख) आरग्वध(ग) पलाश(घ) अशोक - 1 अंकशिरीष का उल्लेख किस ग्रंथ के किस संदर्भ में मिलता है?
(क) बृहत्संहिता 55.13(ख) मेघदूत 12.4(ग) रघुवंश 3.7(घ) कुमारसंभव 5.2 - 1 अंकएक वनस्पतिशास्त्री ने लेखक को बताया कि शिरीष अपना रस कहाँ से खींचता है?
(क) ज़मीन से(ख) वायुमंडल से(ग) वर्षा के जल से(घ) पड़ोसी पेड़ों से - 1 अंकनिबंध के अंत में लेखक शिरीष को किस ऐतिहासिक व्यक्ति से जोड़ते हैं?
(क) जवाहरलाल नेहरू(ख) सुभाष चंद्र बोस(ग) रवींद्रनाथ ठाकुर(घ) महात्मा गांधी
2 अभिकथन-कारण
अभिकथन-कारण
- 1 अंकअभिकथन (A): शिरीष जेठ की भीषण गरमी में भी फूलों से लद जाता है।
कारण (R): शिरीष वायुमंडल से अपना रस खींचने वाला वृक्ष है।
(क) A और R दोनों सही हैं, और R, A की सही व्याख्या है(ख) A और R दोनों सही हैं, परंतु R, A की सही व्याख्या नहीं है(ग) A सही है, परंतु R गलत है(घ) A गलत है, परंतु R सही है - 1 अंकअभिकथन (A): निबंध का अंत लेखक के लिए पूर्णतः संतोष और प्रसन्नता का भाव लेकर आता है।
कारण (R): लेखक शिरीष को देखकर गांधी और गांधीवादी मूल्यों की वर्तमान अनुपस्थिति पर पीड़ा से हूक उठते हैं।
(क) A और R दोनों सही हैं, और R, A की सही व्याख्या है(ख) A और R दोनों सही हैं, परंतु R, A की सही व्याख्या नहीं है(ग) A सही है, परंतु R गलत है(घ) A गलत है, परंतु R सही है
3 सुमेलन कीजिए
सुमेलन कीजिए
- 1 अंकसुमेलन कीजिए:
सूची I: (i) शिरीष (ii) आरग्वध (iii) कर्णिकार (iv) अरिष्ट
सूची II: (1) कनेर (2) रीठा (3) सिरिस (4) अमलतास
(क) i-1, ii-2, iii-3, iv-4(ख) i-3, ii-4, iii-1, iv-2(ग) i-4, ii-3, iii-2, iv-1(घ) i-2, ii-1, iii-4, iv-3 - 1 अंकसुमेलन कीजिए:
सूची I: (i) कल्पलता (ii) बाणभट्ट की आत्मकथा (iii) हिंदी साहित्य का आदिकाल (iv) संदेश रासक
सूची II: (1) ग्रंथ-संपादन (2) निबंध-संग्रह (3) आलोचना-साहित्येतिहास (4) उपन्यास
(क) i-1, ii-2, iii-4, iv-3(ख) i-4, ii-3, iii-1, iv-2(ग) i-2, ii-4, iii-3, iv-1(घ) i-3, ii-1, iii-2, iv-4
4 कथन आधारित प्रश्न
कथन आधारित प्रश्न
- 1 अंककथन I: शिरीष वसंत के आगमन से लेकर आषाढ़ तक फूलता रहता है।
कथन II: मन रम जाए तो शिरीष भरे भादों में भी फूलता रहता है।
इनमें से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
(क) केवल कथन I सही है(ख) केवल कथन II सही है(ग) कथन I और II दोनों सही हैं(घ) कथन I और II दोनों गलत हैं - 1 अंककथन I: विज्जिका देवी कर्णाट-राज की प्रिया थीं।
कथन II: उनके अनुसार कालिदास भी उन तीन कवियों में गिने जाते थे।
इनमें से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?
(क) केवल कथन I सही है(ख) केवल कथन II सही है(ग) कथन I और II दोनों सही हैं(घ) कथन I और II दोनों गलत हैं
5 सही क्रम में लगाइए
सही क्रम में लगाइए
- 1 अंकनिबंध के शिल्प का सही क्रम चुनिए:
(i) शिरीष पुष्प की कोमल सुंदरता का वर्णन
(ii) गांधीजी से जुड़ाव और समापन
(iii) उसका इतिहास (संस्कृत साहित्य, बृहत्संहिता, कामसूत्र)
(iv) सत्कवि और अवधूत के दर्शन तक पहुँचना
(क) ii-i-iii-iv(ख) i-iii-iv-ii(ग) iii-i-iv-ii(घ) iv-iii-i-ii - 1 अंकशकुंतला-प्रसंग का सही क्रम चुनिए:
(i) दुष्यंत का मन बार-बार खीझना
(ii) दुष्यंत का शकुंतला का चित्र बनाना
(iii) समझ आना कि शिरीष पुष्प देना भूल गए
(iv) यह पहचानना कि कालिदास सौंदर्य के भीतर तक पहुँच सकते थे
(क) ii-i-iii-iv(ख) i-iii-iv-ii(ग) iv-iii-ii-i(घ) iii-ii-i-iv
6 रिक्त स्थान
रिक्त स्थान
- 1 अंकरिक्त स्थान भरें: “पदं सहेत भ्रमरस्य पेलवं ____ पुष्पं न पुनः पतत्रिणाम्॥”
(क) कमल(ख) अशोक(ग) शिरीष(घ) पुन्नाग - 1 अंकरिक्त स्थान भरें: “मैं जब-जब शिरीष की ओर देखता हूँ तब-तब हूक उठती है, हाय, वह ____ आज कहाँ है!”
(क) महात्मा(ख) अवधूत(ग) कवि(घ) योगी
7 असंगत चुनिए
असंगत चुनिए
- 1 अंकनिम्न में से कौन-सा बृहत्संहिता में वर्णित वाटिका-वृक्षों में से नहीं है?
(क) अशोक(ख) अरिष्ट(ग) पुन्नाग(घ) कबीरदास
8 गद्यांश आधारित प्रश्न
गद्यांश आधारित प्रश्न
गद्यांश
मैं सोचता हूँ कि पुराने की यह अधिकार-लिप्सा क्यों नहीं समय रहते सावधान हो जाती? जरा और मृत्यु, ये दोनों ही जगत के अतिपरिचित और अतिप्रामाणिक सत्य हैं।
- 1 अंकगद्यांश में लेखक किसके बारे में पूछते हैं कि वह समय रहते सावधान क्यों नहीं होता?
(क) पुराने (जीर्ण) की(ख) नई पीढ़ी की(ग) प्रकृति की(घ) लेखक की अपनी
गद्यांश
महाकालदेवता सपासप कोड़े चला रहे हैं, जीर्ण और दुर्बल झड़ रहे हैं, जिनमें प्राणकण थोड़ा भी ऊर्ध्वमुखी है, वे टिक जाते हैं। दुरंत प्राणधारा और सर्वव्यापक कालाग्नि का संघर्ष निरंतर चल रहा है। मूर्ख समझते हैं कि जहाँ बने हैं, वहीं देर तक बने रहें तो कालदेवता की आँख बचा जाएँगे। भोले हैं वे। हिलते-डुलते रहो, स्थान बदलते रहो, आगे की ओर मुँह किए रहो तो कोड़े की मार से बच भी सकते हो। जमे कि मरे!
- 1 अंकगद्यांश के अनुसार महाकालदेवता के कोड़ों से कौन टिक पाता है?
(क) जो सबसे बड़ा है(ख) जो ऊपर की ओर उठने वाली जीवन-शक्ति रखता है(ग) जो सबसे पुराना है(घ) जो सबसे शांत रहता है
9 सत्य-असत्य
सत्य-असत्य
- 1 अंकनिम्न कथनों को सत्य (स) या असत्य (अ) के रूप में चिह्नित करें:
I. द्विवेदी जी का जन्म सन् 1907 में हुआ।
II. “शिरीष के फूल” निबंध ‘कल्पलता’ संग्रह से लिया गया है।
III. शिरीष केवल पंद्रह-बीस दिन फूलता है।
(क) स-स-अ(ख) स-अ-स(ग) अ-स-स(घ) अ-अ-अ
उत्तर कुंजी एवं व्याख्या
सीधे प्रश्न
- (क) द्विवेदी जी का जन्म आरत दुबे का छपरा, बलिया (उत्तर प्रदेश) में हुआ था।
- (ख) यह गद्य खंड का एक ललित (व्यक्तिपरक/भावप्रधान) निबंध है, कहानी नहीं।
- (ग) कबीर का दोहा है: “दिन दस फूला फूलिके खंखड़ भया पलास!” यह पलाश के बारे में है, शिरीष के बारे में नहीं।
- (क) पाठ में लिखा है कि पुराने भारत के रईस वाटिका-वृक्षों में शिरीष लगाते थे, संदर्भ: बृहत्संहिता 55.13।
- (ख) वनस्पतिशास्त्री ने लेखक को बताया कि यह उस श्रेणी का पेड़ है जो वायुमंडल से अपना रस खींचता है।
- (घ) लेखक कहते हैं “अपने देश का एक बूढ़ा रह सका था”, जो देह-बल पर आत्मबल का महत्त्व सिद्ध करने वाली इतिहास-विभूति गांधीजी की ओर संकेत है।
अभिकथन-कारण
- (क) पाठ के अनुसार शिरीष वायुमंडल से रस खींचता है; लेखक का तर्क है कि इसके बिना भीषण लू में इतने कोमल तंतुजाल और केसर नहीं उग सकते। इसलिए R, A की व्याख्या है।
- (घ) A गलत है: निबंध का अंत संतोष का नहीं, बल्कि गहरी टीस (‘हाय, वह अवधूत आज कहाँ है!’) का है। R सही है।
सुमेलन कीजिए
- (ख) सही मिलान: शिरीष=सिरिस, आरग्वध=अमलतास, कर्णिकार=कनेर, अरिष्ट=रीठा।
- (ग) सही मिलान: कल्पलता=निबंध-संग्रह, बाणभट्ट की आत्मकथा=उपन्यास, हिंदी साहित्य का आदिकाल=आलोचना-साहित्येतिहास, संदेश रासक=ग्रंथ-संपादन।
कथन आधारित प्रश्न
- (ग) दोनों कथन पाठ में सत्य हैं: शिरीष वसंत से आषाढ़ तक निश्चित रूप से फूलता है, और मन रम जाए तो भरे भादों में भी।
- (क) कथन I सही है। कथन II गलत है: विज्जिका के अनुसार कवि केवल ब्रह्मा, वाल्मीकि और व्यास हैं, कालिदास का नाम उस सूची में नहीं है।
सही क्रम में लगाइए
- (ख) सही क्रम: पहले फूल की सुंदरता, फिर इतिहास, फिर सत्कवि का दर्शन, अंत में गांधीजी से जुड़ाव।
- (क) सही क्रम: पहले चित्र बनाना, फिर मन खीझना, फिर एहसास होना, फिर इससे कालिदास की गहराई समझना।
रिक्त स्थान
- (ग) संस्कृत श्लोक में कहा गया है कि कोमल शिरीष पुष्प केवल भौंरों के पदों का कोमल दबाव सह सकता है, पक्षियों का नहीं।
- (ख) निबंध की अंतिम पंक्ति है: “हाय, वह अवधूत आज कहाँ है!”
असंगत चुनिए
- (घ) अशोक, अरिष्ट और पुन्नाग (शिरीष के साथ) वाटिका-वृक्ष हैं। कबीरदास एक कवि हैं, वृक्ष नहीं।
गद्यांश आधारित प्रश्न
- (क) गद्यांश में लेखक पूछते हैं कि “पुराने की यह अधिकार-लिप्सा क्यों नहीं समय रहते सावधान हो जाती?”
- (ख) गद्यांश के अनुसार “जिनमें प्राणकण थोड़ा भी ऊर्ध्वमुखी है, वे टिक जाते हैं” (ऊर्ध्वमुखी = ऊपर की ओर उठने वाला)।
सत्य-असत्य
- (क) पहले दोनों कथन सही हैं। तीसरा असत्य है, शिरीष वसंत से आषाढ़ तक (और मन रमे तो भादों तक) फूलता रहता है, केवल पंद्रह-बीस दिन नहीं (पाठ में यह आरग्वध की विशेषता बताई गई है)।
इसी अध्याय की बाक़ी सामग्री