कक्षा 12 हिंदी अध्याय 7 कवितावली MCQ / वस्तुनिष्ठ प्रश्न (Objective Questions) उत्तर सहित

इस अध्याय के 20 बहुविकल्पीय (MCQ / वस्तुनिष्ठ) प्रश्न, परीक्षा की प्रचलित शैलियों में। हर प्रश्न के उत्तर के साथ व्याख्या भी दी गई है, ताकि केवल सही विकल्प नहीं, उसकी वजह भी याद रहे।

1 सीधे प्रश्न

सीधे प्रश्न
  1. 1 अंकगोस्वामी तुलसीदास का जन्म किस वर्ष माना जाता है?
    (क) सन् 1532(ख) सन् 1623(ग) सन् 1543(घ) सन् 1611
  2. 1 अंकतुलसीदास का निधन कब और कहाँ हुआ?
    (क) सन् 1532, राजापुर में(ख) सन् 1623, काशी में(ग) सन् 1611, अयोध्या में(घ) सन् 1543, बाँदा में
  3. 1 अंकनिम्न में से कौन-सी रचना तुलसीदास की नहीं है?
    (क) विनयपत्रिका(ख) गीतावली(ग) साकेत(घ) रामाज्ञा-प्रश्न
  4. 1 अंकशास्त्रीय भाषा (संस्कृत) में सर्जन-क्षमता होने के बावजूद तुलसी ने रचना के लिए किस भाषा को चुना?
    (क) लोकभाषा (अवधी व ब्रजभाषा)(ख) केवल संस्कृत(ग) केवल फ़ारसी(घ) केवल ब्रजभाषा
  5. 1 अंकउपमा अलंकार में जो पहचान कालिदास की है, वही पहचान किस अलंकार में तुलसीदास की है?
    (क) रूपक अलंकार(ख) अनुप्रास अलंकार(ग) यमक अलंकार(घ) सांगरूपक अलंकार
  6. 1 अंकतुलसीदास ने किन दो संस्कृति-कथाओं को अपनी अभिव्यक्ति का माध्यम बनाया?
    (क) रामायण व महाभारत(ख) सीताराम व राधाकृष्ण की कथाएँ(ग) पुराण व वेद की कथाएँ(घ) जातक व पंचतंत्र की कथाएँ
  7. 1 अंकपहले कवित्त (‘किसबी किसान…’) के अनुसार संसार के समस्त लीला-प्रपंचों का आधार क्या है?
    (क) धन की चाह(ख) मान-सम्मान की चाह(ग) पेट की आग(घ) राज्य की चाह
  8. 1 अंकदूसरे कवित्त (‘खेती न किसान…’) में बेकारी-गरीबी की पीड़ा का चित्रण किससे उपमित करते हुए किया गया है?
    (क) दशानन (रावण) से(ख) कुंभकर्ण से(ग) मेघनाद से(घ) बालि से
  9. 1 अंकलक्ष्मण के शक्ति-बाण लगने का प्रसंग रामचरितमानस के किस कांड से लिया गया है?
    (क) सुंदरकांड(ख) उत्तरकांड(ग) किष्किंधाकांड(घ) लंकाकांड
  10. 1 अंकशोक-परिवेश में हनुमान का संजीवनी लेकर आना कवि को किस रस के उदय जैसा दिखता है?
    (क) शृंगार रस(ख) करुण रस के बीच वीर रस(ग) हास्य रस(घ) भयानक रस

2 अभिकथन-कारण

अभिकथन-कारण
  1. 1 अंकअभिकथन (A): तुलसीदास विद्वानों तथा जनसामान्य दोनों में समान रूप से लोकप्रिय हैं।
    कारण (R): शास्त्रीयता को लोकग्राह्य और लोकगृहीत को शास्त्रीय बनाने की उभयमुखी प्रक्रिया उनके यहाँ चलती है।

    (क) A और R दोनों सही हैं, और R, A की सही व्याख्या है(ख) A और R दोनों सही हैं, परंतु R, A की सही व्याख्या नहीं है(ग) A सही है, परंतु R गलत है(घ) A गलत है, परंतु R सही है
  2. 1 अंकअभिकथन (A): लक्ष्मण-मूर्च्छा प्रसंग में राम कहते हैं, ‘मिलइ न जगत सहोदर भ्राता’।
    कारण (R): राम कौशल्या के पुत्र थे और लक्ष्मण सुमित्रा के।

    (क) A और R दोनों सही हैं, और R, A की सही व्याख्या है(ख) A और R दोनों सही हैं, परंतु R, A की सही व्याख्या नहीं है(ग) A सही है, परंतु R गलत है(घ) A गलत है, परंतु R सही है

3 सुमेलन कीजिए

सुमेलन कीजिए
  1. 1 अंकसुमेलन कीजिए:
    सूची I: (a) दोहा, (b) सोरठा, (c) चौपाई, (d) कवित्त
    सूची II: (1) सम मात्रिक, हर पंक्ति में 16-16 मात्राएँ, (2) वार्णिक छंद, हर चरण में 31 वर्ण, (3) अर्धसम मात्रिक, विषम चरणों में 13 और सम चरणों में 11 मात्राएँ, (4) दोहे को उलटने से बनने वाला छंद

    (क) a1-b2-c3-d4(ख) a4-b3-c1-d2(ग) a4-b3-c2-d1(घ) a3-b4-c1-d2

4 कथन आधारित प्रश्न

कथन आधारित प्रश्न
  1. 1 अंककथन I: सवैया में तुलसी अपने को धूत, अवधूत, राजपूत या जुलाहा कहे जाने पर आपत्ति जताते हैं।
    कथन II: सवैया में तुलसी अपनी फ़कीरी जीवन-शैली (माँगकर खाना, मस्जिद में सोना) का वर्णन करते हैं।
    इनमें से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?

    (क) केवल कथन I सही है(ख) केवल कथन II सही है(ग) कथन I और II दोनों सही हैं(घ) कथन I और II दोनों गलत हैं
  2. 1 अंककथन I: प्रस्तुत अंश में दो आरंभिक दोहे हनुमान के प्रस्थान और भरत की स्तुति से जुड़े हैं।
    कथन II: राम लक्ष्मण को उठाने का प्रयास करते हुए उनके स्वभाव को कठोर बताते हैं।
    इनमें से कौन-सा/से कथन सही है/हैं?

    (क) केवल कथन I सही है(ख) केवल कथन II सही है(ग) कथन I और II दोनों सही हैं(घ) कथन I और II दोनों गलत हैं

5 सही क्रम में लगाइए

सही क्रम में लगाइए
  1. 1 अंक‘लक्ष्मण-मूर्च्छा और राम का विलाप’ अंश में ये छंद किस क्रम में आते हैं? सही क्रम चुनिए:
    (क) सोरठा ‘प्रभु प्रलाप सुनि…’ → दोहा ‘तव प्रताप उर राखि…’ → दोहा ‘सुनि दसकंधर बचन…’ → चौपाई ‘उहाँ राम लछिमनहि निहारी…’(ख) दोहा ‘तव प्रताप उर राखि…’ → सोरठा ‘प्रभु प्रलाप सुनि…’ → चौपाई ‘उहाँ राम लछिमनहि निहारी…’ → दोहा ‘सुनि दसकंधर बचन…’(ग) दोहा ‘तव प्रताप उर राखि…’ → चौपाई ‘उहाँ राम लछिमनहि निहारी…’ → सोरठा ‘प्रभु प्रलाप सुनि…’ → दोहा ‘सुनि दसकंधर बचन…’(घ) चौपाई ‘उहाँ राम लछिमनहि निहारी…’ → दोहा ‘तव प्रताप उर राखि…’ → सोरठा ‘प्रभु प्रलाप सुनि…’ → दोहा ‘सुनि दसकंधर बचन…’

6 रिक्त स्थान

रिक्त स्थान
  1. 1 अंकरिक्त स्थान भरें: ‘तुलसी सरनाम गुलामु है ____ को’
    (क) राजा(ख) गुरु(ग) समाज(घ) राम

7 असंगत चुनिए

असंगत चुनिए
  1. 1 अंकइनमें से कौन-सा छंद बाक़ी तीन से अलग (असंगत) है?
    (क) कवित्त(ख) सवैया(ग) दोहा(घ) मनहरण
  2. 1 अंकइनमें से कौन प्रस्तुत अंश में मारा गया राक्षस-योद्धा नहीं है?
    (क) दुर्मुख(ख) अतिकाय(ग) अकंपन(घ) मारीच

8 पद्यांश आधारित प्रश्न

पद्यांश आधारित प्रश्न
पद्यांश
किसबी, किसान-कुल, बनिक, भिखारी, भाट,
चाकर, चपल नट, चोर, चार, चेटकी।
पेटको पढ़त, गुन गढ़त, चढ़त गिरि,
अटत गहन-गन अहन अखेटकी।।
ऊँचे-नीचे करम, धरम-अधरम करि,
पेट ही को पचत, बेचत बेटा-बेटकी।
‘तुलसी’ बुझाइ एक राम घनस्याम ही तें,
आगि बड़वागितें बड़ी है आगि पेटकी।।
  1. 1 अंकउपर्युक्त पद्यांश में किन-किन पेशों के लोगों की सूची दी गई है?
    (क) केवल राजा और सैनिक की(ख) किसबी, किसान, बनिक, भिखारी आदि दस पेशों की(ग) केवल ब्राह्मण और क्षत्रिय की(घ) केवल व्यापारियों की
उत्तर कुंजी एवं व्याख्या
सीधे प्रश्न
  1. (क) पाठ के अनुसार तुलसीदास का जन्म सन् 1532 में बाँदा (उत्तर प्रदेश) ज़िले के राजापुर गाँव में माना जाता है।
  2. (ख) पाठ के अनुसार तुलसीदास का निधन सन् 1623 में काशी में हुआ।
  3. (ग) ‘साकेत’ मैथिलीशरण गुप्त की रचना है, तुलसीदास की नहीं। तुलसी की रचनाओं में रामचरितमानस, विनयपत्रिका, गीतावली, श्रीकृष्ण गीतावली, दोहावली, कवितावली और रामाज्ञा-प्रश्न आते हैं।
  4. (क) पाठ के अनुसार संस्कृत में क्षमता होने पर भी तुलसी ने लोकभाषा (अवधी व ब्रजभाषा) को साहित्य-रचना का माध्यम चुना।
  5. (घ) पाठ के अनुसार उपमा अलंकार के क्षेत्र में जो प्रयोग-वैशिष्ट्य कालिदास की पहचान है, वही पहचान सांगरूपक के क्षेत्र में तुलसीदास की है।
  6. (ख) पाठ के अनुसार तुलसी दोनों संस्कृति-कथाओं, सीताराम व राधाकृष्ण, को साधिकार अपनी अभिव्यक्ति का माध्यम बनाते हैं।
  7. (ग) पाठ के अनुसार पहले छंद में तुलसी ने दिखलाया है कि संसार के अच्छे-बुरे समस्त लीला-प्रपंचों का आधार ‘पेट की आग’ का दारुण व गहन यथार्थ है।
  8. (क) पाठ के अनुसार दूसरे छंद में बेकारी व गरीबी की पीड़ा को दशानन (रावण) से उपमित करते हुए ‘दारिद-दसानन’ कहा गया है।
  9. (घ) पाठ के अनुसार यह प्रसंग ‘रामचरितमानस’ के लंका कांड से गृहीत है।
  10. (ख) पाठ के अनुसार इस घने शोक-परिवेश में हनुमान का संजीवनी लेकर आ जाना कवि को करुण रस के बीच वीर रस के उदय के रूप में दिखता है।
अभिकथन-कारण
  1. (क) R, A की सही व्याख्या है: यही उभयमुखी प्रक्रिया तुलसी को विद्वानों और जनसामान्य दोनों में लोकप्रिय बनाती है।
  2. (ख) A और R दोनों सही हैं: राम यह पंक्ति कहते हैं, और पाठ के आसपास (प्रश्न 4) के अनुसार राम कौशल्या के तथा लक्ष्मण सुमित्रा के पुत्र थे। पर R यह नहीं बताता कि राम ने यह बात क्यों कही, उलटे R से तो यही पता चलता है कि दोनों सहोदर नहीं थे। इसलिए R, A की सही व्याख्या नहीं है।
सुमेलन कीजिए
  1. (घ) सही मिलान: दोहा = अर्धसम मात्रिक, विषम चरण 13 व सम चरण 11 मात्राएँ (3); सोरठा = दोहे का उलटा रूप (4); चौपाई = सम मात्रिक, 16-16 मात्राएँ (1); कवित्त = वार्णिक, 31 वर्ण प्रति चरण (2)।
कथन आधारित प्रश्न
  1. (ख) कथन I गलत है, तुलसी कहते हैं कोई भी नाम दे दे उन्हें कोई फ़र्क नहीं पड़ता। कथन II सही है, यह फ़कीरी वर्णन सवैया की अंतिम पंक्ति में है।
  2. (क) कथन I सही है। कथन II गलत है, राम लक्ष्मण के स्वभाव को ‘मृदुल’ (कोमल) बताते हैं, कठोर नहीं: ‘बंधु सदा तव मृदुल सुभाऊ’।
सही क्रम में लगाइए
  1. (ग) पाठ में पहले हनुमान के प्रस्थान का दोहा (‘तव प्रताप उर राखि…’), फिर राम के विलाप की चौपाइयाँ (‘उहाँ राम लछिमनहि निहारी…’), फिर वानरों की विकलता और हनुमान के आगमन का सोरठा (‘प्रभु प्रलाप सुनि…’), और अंत में कुंभकरण का दोहा (‘सुनि दसकंधर बचन…’) आता है।
रिक्त स्थान
  1. (घ) मूल पंक्ति है: ‘तुलसी सरनाम गुलामु है राम को, जाको रुचै सो कहै कछु ओऊ।’
असंगत चुनिए
  1. (ग) पाठ के अनुसार कवित्त (जिसे मनहरण भी कहते हैं) और सवैया वार्णिक छंद हैं, जबकि दोहा अर्धसम मात्रिक छंद है। इसलिए दोहा असंगत है।
  2. (घ) मारीच का नाम इस अंश में नहीं आता; दुर्मुख, अतिकाय और अकंपन तीनों अंतिम युद्ध-चौपाई में नामित मारे गए योद्धा हैं।
पद्यांश आधारित प्रश्न
  1. (ख) पद्यांश में किसबी, किसान-कुल, बनिक, भिखारी, भाट, चाकर, नट, चोर, चार और चेटकी, इन दस तरह के लोगों की सूची दी गई है।